Thursday, September 15, 2011

उम्मीद...

"उम्मीद" अंधेरे मे जलती एक ज्योति है...
"उम्मीद" एक लंबी राहत पाने की चुनौती है..

"उम्मीद" बेहतर दिनों का सपना है..
"उम्मीद" जुनून भरा दिल अपना है...

"उम्मीद" रेगिस्तान में एक तालाब है...
"उम्मीद" धूल-मिश्रित मोती बेहिसाब है...

"उम्मीद" हर जगह है...
"उम्मीद" हर किसी के लिए है...

"उम्मीद" ज़िंदगी में एक चमत्कार है...
"उम्मीद" है तभी तो जीवन में बहार है...

© - सौरभ बजाज

Wednesday, August 24, 2011

ख्वाबों की दुनिया...

ख्वाबों की दुनिया होवे रंगीन,
ज़िराफ़ से ऊँचे, चींटी से महीन,
कोई वानर सी चपलता सिखलाए,
तो कुछ वफ़ादारी-ए-श्वान निभाए...

कदा मन हो मदमस्त गज-राज,
और बिरले भयभीत करे वनराज,
इसलिए कहे कवि 'बजाज',
हर ख्वाब के हो अपने मिज़ाज.

© - सौरभ बजाज

Wednesday, August 17, 2011

महा-प्रीत...

लिखना चाहे इक मधुर गीत...
जो बयाँ करे ये महा-प्रीत...
पर शब्दों से परे ये रीत...
हर कोई पाए अपना मन-मीत...
© - सौरभ बजाज



Sunday, August 7, 2011

मित्रता दिवस...

आँख खुली तो आपकी याद आई,
कुछ खास संदेशा ये सुबह लाई,
दुख-सुख की घड़ी जिन्होने संग निभाई,
ऐसे सभी दोस्तो को मित्रता दिवस की बधाई...